बारिश में जड़ से उखड़ा 150 साल पुराना नीम, तीन मकानों पर गिरादो महिलाएं घायल, कच्चे मकानों के छप्पर और गृहस्थी का सामान तबाह; हरदुआ पांजी गांव में मची अफरा-तफरी

तेंदूखेड़ा। लगातार हो रही बारिश के बीच रविवार सुबह हरदुआ पांजी गांव में बड़ा हादसा हो गया। ग्राम पंचायत बेलढाना रैयत के अंतर्गत खेर माता मंदिर के समीप लगा करीब 150 वर्ष पुराना नीम का विशाल पेड़ अचानक जड़ से उखड़कर पास बने तीन कच्चे मकानों पर जा गिरा। पेड़ गिरते ही मौके पर अफरा-तफरी मच गई। हादसे में दो महिलाएं घायल हो गईं, जबकि तीनों मकानों को भारी नुकसान पहुंचा है।

जानकारी के अनुसार रविवार सुबह करीब 10 बजे अचानक नीम का पेड़ जमीन से उखड़ गया। देखते ही देखते पेड़ पास में बने मकानों पर जा गिरा। इसकी चपेट में तारा चक्रवर्ती, मीरा चक्रवर्ती और मुन्ना चक्रवर्ती के मकान आ गए। मकानों के लकड़ी के छप्पर टूट गए और दीवारें क्षतिग्रस्त हो गईं। वहीं घरों के अंदर रखा गृहस्थी का सामान भी पेड़ की चपेट में आने से खराब हो गया।
दो महिलाएं घायल, अस्पताल में कराया इलाज
पेड़ गिरने से मीरा बाई और मुन्ना चक्रवर्ती की बहू घायल हो गईं। घटना के बाद ग्रामीणों ने तत्काल घायलों को बाहर निकाला और उपचार के लिए तेंदूखेड़ा स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया। इसके बाद पेड़ की डालियों को काटकर उसे मकानों से हटाया गया।

लगातार बारिश बनी हादसे की वजह
बेलढाना रैयत ग्राम पंचायत के सरपंच दिलीप यादव ने बताया कि खेर माता मंदिर के पास लगा यह नीम का पेड़ करीब डेढ़ सौ साल पुराना था। पिछले कुछ दिनों से क्षेत्र में लगातार बारिश हो रही है। इसी दौरान रविवार सुबह पेड़ अचानक जड़ से उखड़कर मकानों पर गिर गया। उन्होंने बताया कि हादसे की जानकारी एसडीएम को भी दी गई है।
परिवारों के सामने रहने का संकट
पेड़ गिरने से तीन परिवारों के मकानों को नुकसान पहुंचने के साथ गृहस्थी का सामान भी खराब हो गया है। ऐसे में प्रभावित परिवारों के सामने बारिश के मौसम में रहने की समस्या खड़ी हो गई है। पंचायत की ओर से पीड़ित परिवारों को उचित मुआवजा दिलाने के लिए प्रशासन से कार्रवाई की मांग की गई है।
अब पीड़ित परिवारों को प्रशासन से जल्द राहत और आर्थिक सहायता मिलने का इंतजार है।
