विगत 5 वर्षों से डेंगू प्रभावित क्षेत्रों में निरंतर हो रही निगरानीघर-घर सर्वे एवं लार्वा नियंत्रण अभियान जारी

दमोह : 17 अगस्त 2026
वर्षा ऋतु में होने वाले वेक्टर जनित रोगों की रोकथाम एवं प्रभावी नियंत्रण के लिए जिला मलेरिया कार्यालय द्वारा सतत अभियान संचालित किया जा रहा है। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. राकेश राय के निर्देशन और जिला मलेरिया अधिकारी के मार्गदर्शन में डेंगू प्रभावित क्षेत्रों में विशेष निगरानी और रोकथाम तथा नियंत्रण संबंधी गतिविधियां लगातार जारी हैं।
जिला मलेरिया अधिकारी यामिनी सिलारपुरिया ने बताया विभाग द्वारा ब्लॉकवार कार्ययोजना तैयार कर आशा कार्यकर्ताओं के माध्यम से प्रभावित क्षेत्रों में घर-घर सर्वे कराया जा रहा है। सर्वे कार्य की निगरानी एवं पर्यवेक्षण मलेरिया निरीक्षकों एवं स्वास्थ्य विभाग की टीमों द्वारा किया जा रहा है। सर्वे के दौरान बुखार से पीड़ित मरीजों की त्वरित जांच हेतु त्वरित जांच किट (आरडीटी) का उपयोग किया जा रहा है। जांच में डेंगू अथवा अन्य मच्छर जनित रोग की संभावना पाए जाने पर आवश्यक उपचार, निगरानी एवं स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं। डेंगू एवं अन्य मच्छर जनित रोगों की रोकथाम के लिए लार्वा सर्वे, कंटेनर सर्वे तथा कीटनाशक दवा छिड़काव की गतिविधियां निरंतर जारी हैं।

उन्होंने बताया गत दिनों जिला मलेरिया कार्यालय एवं टीम दल द्वारा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र तेंदूखेड़ा के अंतर्गत हरदुआ हाथीघाट क्षेत्र में लार्वा सर्वे एवं कीटनाशक दवा छिड़काव कार्य किया गया। इस दौरान 73 घरों का निरीक्षण किया गया, जिसमें 7 घरों में मच्छरों का लार्वा पाया गया। कुल 209 जल पात्रों की जांच की गई, जिनमें 20 पात्रों में लार्वा मिला। 15 जल पात्रों को खाली कराया गया तथा 5 पात्रों में बीटीआई द्रव्य डाला गया। जिला मलेरिया कार्यालय एवं टीम दल द्वारा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र हटा के अंतर्गत रनेह क्षेत्र में लार्वा सर्वे एवं कीटनाशक दवा छिड़काव कार्य किया गया। सर्वे के दौरान 176 घरों का निरीक्षण किया गया, जिसमें 19 घरों में लार्वा पाया गया। कुल 554 जल पात्रों की जांच की गई, जिनमें 49 पात्रों में लार्वा मिला। 36 पात्रों को खाली कराया गया तथा 13 पात्रों में बीटीआई द्रव्य डाला गया।

उन्होंने बताया टीम दल द्वारा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र बटियागढ़ के अंतर्गत मगरोन क्षेत्र में लार्वा सर्वे एवं कीटनाशक दवा छिड़काव कार्य किया गया। सर्वे के दौरान 138 घरों का निरीक्षण किया गया, जिसमें 13 घरों में लार्वा पाया गया। कुल 417 जल पात्रों की जांच की गई, जिनमें 35 पात्रों में लार्वा मिला। 31 पात्रों को खाली कराया गया तथा 4 पात्रों में बीटीआई द्रव्य डाला गया। टीम दल द्वारा दमोह के मांगज वार्ड क्रमांक-2 (रेलवे कॉलोनी) में लार्वा सर्वे एवं कीटनाशक दवा छिड़काव कार्य किया गया। इस दौरान आमजन को मलेरिया एवं डेंगू से बचाव के उपायों तथा स्वच्छता के महत्व के प्रति जागरूक किया गया। सर्वे में 61 घरों का निरीक्षण किया गया, जिसमें 4 घरों में लार्वा पाया गया। कुल 135 जल पात्रों की जांच की गई, जिनमें 10 पात्रों में लार्वा मिला। 6 पात्रों को खाली कराया गया तथा 4 पात्रों में बीटीआई द्रव्य डाला गया।

मच्छरों के लार्वा नियंत्रण के उद्देश्य से जल स्रोतों में गैम्बूसिया मछली का संचयन भी किया जा रहा है। इसी क्रम में हिण्डोरिया ब्लॉक के समन्ना, भदौली, करैया हजारी, हिण्डोरिया, गुंजी, बांदकपुर, केवलाई, रंजरा, अभाना, राजापटना, भूरी, मारूतलाल एवं अन्य ग्रामों के स्थाई एवं अस्थाई जलस्रोतों में लावाभक्षी गम्बूसिया मछली का संचयन किया गया।जो मच्छरों के लार्वा को नियंत्रित करने में सहायक होंगी।
जिला मलेरिया अधिकारी यामिनी सिलारपुरिया द्वारा आमजन से अपील की गई है कि वे अपने घरों एवं आसपास पानी जमा न होने दें, मच्छरों से बचाव के उपाय अपनाएं, साफ-सफाई का विशेष ध्यान रखें तथा बुखार आने पर तत्काल नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र से संपर्क करें।
