आखिर खत्म हुआ बंदर का आतंक, नगर परिषद ने पकड़कर जंगल में छोड़ा, एक व्यक्ति घायल

तेंदूखेड़ा। नगर के वार्ड क्रमांक 11 एवं 12 में पिछले करीब दो वर्षों से एक बंदर के आतंक से लोग परेशान थे। बंदर द्वारा बच्चों और राहगीरों पर हमला करने के साथ ही कई लोगों को काटने की घटनाएं सामने आई थीं। इसके अलावा वह घरों की छतों पर सूख रहे कपड़े उठा ले जाता था तथा खपरों को भी नुकसान पहुंचाता था।
स्थानीय लोगों ने कई बार नगर परिषद तेंदूखेड़ा और वन विभाग को शिकायतें देकर बंदर को पकड़ने की मांग की थी। कई प्रयासों के बावजूद सफलता नहीं मिल रही थी, लेकिन मंगलवार को नगर परिषद के सफाई प्रभारी प्रदीप साहू के मार्गदर्शन में करीब 10 लोगों की टीम ने वार्ड क्रमांक 12 में बंदर को पकड़ने में सफलता हासिल की।
प्रदीप साहू ने बताया कि बंदर का एक बच्चा था, जिसकी किसी कारणवश मौत हो गई थी। जब कर्मचारी उसके बच्चे के शव को हटाने पहुंचे, तब बंदर ने हमला कर दिया, जिससे एक व्यक्ति घायल हो गया। उन्होंने बताया कि बच्चे की मौत के बाद बंदर काफी उदास था और ज्यादा उछल-कूद नहीं कर पा रहा था। इसी का फायदा उठाकर टीम ने उसे सुरक्षित तरीके से पकड़ लिया।
नगर परिषद की टीम ने बंदर को पकड़ने के बाद उसे सुरक्षित जंगल में छोड़ दिया। लंबे समय से बंदर के आतंक से परेशान लोगों ने राहत की सांस ली और नगर परिषद की टीम का आभार व्यक्त किया
।
