दमोह पुलिस की पहल ‘सृजन’ शिविर से निखरी बच्चों की प्रतिभा, 18 दिवसीय कार्यक्रम का हुआ भव्य समापन
दमोह। पुलिस महानिदेशक भोपाल के निर्देशानुसार एवं पुलिस अधीक्षक श्रुतकीर्ति सोमवंशी के मार्गदर्शन में वंचित वर्ग के बच्चों के सर्वांगीण विकास हेतु पुराने पुलिस कंट्रोल रूम स्थित ई-लर्निंग सेंटर में संचालित ‘सृजन’ कार्यक्रम का आज भव्य समापन किया गया। यह 18 दिवसीय गैर-आवासीय शिविर ग्रामीण विकास समिति (GVS) के विशेष सहयोग से जिले की कच्ची बस्तियों में निवासरत बच्चों के लिए आयोजित किया गया।
प्रतिभा निखारने का मिला अवसर
शिविर के दौरान बच्चों को चित्रकला, संगीत, योग, आत्मरक्षा, बुनियादी शिक्षा एवं नैतिक मूल्यों का प्रशिक्षण दिया गया। पुलिस विभाग एवं ग्रामीण विकास समिति के समन्वय से बच्चों को एक सुरक्षित एवं रचनात्मक वातावरण प्रदान किया गया, जिससे उनके आत्मविश्वास में उल्लेखनीय वृद्धि देखने को मिली।
पुलिस-पब्लिक मैत्री की मिसाल
समापन समारोह के मुख्य अतिथि अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक सुजीत सिंह भदोरिया ने अपने संबोधन में कहा कि ‘सृजन कार्यक्रम’ का मुख्य उद्देश्य पुलिस एवं समाज के बीच की दूरी को कम करना है। उन्होंने कहा कि इन 18 दिनों में बच्चों के मन से पुलिस का भय समाप्त हुआ है और वे पुलिस को मित्र के रूप में देखने लगे हैं। उन्होंने ग्रामीण विकास समिति (GVS) के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि सामाजिक संस्थाओं के सहयोग से ही ऐसे सकारात्मक परिवर्तन संभव हो पाते हैं।
समारोह में बच्चों ने योग प्रदर्शन, देशभक्ति गीतों पर नृत्य प्रस्तुत कर अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया। शिविर के दौरान बच्चों ने भविष्य में पुलिस अधिकारी, डॉक्टर जैसे बनने के अपने सपनों को भी साझा किया।
शैक्षिक सामग्री का वितरण
कार्यक्रम के अंत में बच्चों को स्टेशनरी किट, ठंड से बचाव हेतु गर्म स्वेटर, टी-शर्ट, जूते एवं मोज़े वितरित किए गए। ग्रामीण विकास समिति (GVS) के निर्देशक गोविंद यादव ने पुलिस विभाग के प्रति आभार व्यक्त करते हुए भविष्य में भी ऐसे जनहितकारी कार्यों में सहयोग जारी रखने की प्रतिबद्धता जताई।
इस अवसर पर उप निरीक्षक सतीश राठौर, निरीक्षक रचना मिश्रा, निरीक्षक फेमीदा खान, राजेश यादव, राजेश आठिया, दलवीर सिहं मार्को सविता रजक, मंजू टंडन ग्रामीण विकास समिति ( GVS)के सदस्य, सेवा निवृत्त डीएसपी राज किशोर सेन एवं अन्य प्रबुद्ध नागरिक उपस्थित रहे।


