तेंदूखेड़ा जामा मस्जिद में अकीदत के साथ मनाई गई शब-ए-कद्र की मुबारक रात

हाफिज व कारी खालिद रजा ने तरावीह में मुकम्मल कराया पवित्र कुरआन, पूरी रात इबादत में डूबे रहे अकीदतमंद
फिरोज खान
तेंदूखेड़ा। रमजान उल मुबारक के पवित्र महीने में 26वें रोज़े के बाद 27वीं शब को तेंदूखेड़ा की जामा मस्जिद में शब-ए-कद्र अकीदत और श्रद्धा के साथ मनाई गई। इस मौके पर बड़ी संख्या में मुस्लिम समाज के लोग मस्जिद में इकट्ठा हुए और रात भर इबादत कर अपने रब से गुनाहों की माफी और देश में अमन-चैन व तरक्की की दुआएं मांगी।
इस अवसर पर हाफिज व कारी खालिद रजा साहब ने रमजान की शुरुआत से तरावीह की 20 रकअत नमाज़ पढ़ाते हुए 27 दिनों में मुकम्मल कुरआन शरीफ सुनाया। शब-ए-कद्र की इस मुबारक रात में मस्जिद में विशेष कार्यक्रम आयोजित किया गया, जिसमें मीलाद शरीफ और नात-ए-पाक का भी आयोजन हुआ। अकीदतमंदों ने बड़े उत्साह के साथ नात पेश कर माहौल को रूहानी बना दिया।

हाफिज खालिद रजा ने अपनी तकरीर में शब-ए-कद्र की फज़ीलत बयान करते हुए कहा कि यह रात हजार महीनों से बेहतर मानी जाती है। इस रात में की गई इबादत का सवाब अल्लाह तआला कई गुना बढ़ाकर देता है और सच्चे दिल से तौबा करने वालों के गुनाह माफ कर देता है।
कार्यक्रम के अंत में सलातो सलाम पढ़ा गया और सभी लोगों ने अपने रब से मुल्क में अमन-चैन, भाईचारे और तरक्की के लिए दुआएं मांगी। देर रात तक मस्जिद में नमाज़ और इबादत का सिलसिला चलता रहा।
इस मौके पर अंजुमन इस्लामिया कमेटी तेंदूखेड़ा के अध्यक्ष सदर अब्दुल समी साहब के पुत्र सोनू खान, उपाध्यक्ष डॉ. अजीज खान, खलील खान, शेख जाहिद, हैदर हुसैन जाफरी, सलीम खान, शाहिद हुसैन, रहीस बाबा, अब्दुल कलाम, इमरान खान, सलीम बेग, लकी, शेख गुलाब, शेख मुन्ना, शेख अखबार, शाकिर अली, डॉ. इकबाल खान, तबरेज अली सहित बड़ी संख्या में मुस्लिम समाज के लोग उपस्थित रहे।
