किसान पंचायत का चौथा दिन, 10 अक्टूबर को दमोह में होगा विशाल किसानी प्रदर्शन

दमोह। किसानों की समस्याओं और मांगों को लेकर गांव-गांव चल रही किसान पंचायत का आज चौथा दिन है। 10 अक्टूबर को दमोह में विशाल किसानी प्रदर्शन एवं ज्ञापन को लेकर लगातार गांवों में किसानों से संपर्क किया जा रहा है। किसान पंचायत के माध्यम से किसानों को एकजुट कर दमोह पहुंचने की अपील की जा रही है।
किसान पंचायत का नेतृत्व कर रहे कवि चन्द्रभान सिंह लोधी ने बताया कि फसल, खरीदी और मुआवजे से जुड़ी समस्याओं को लेकर लंबे समय से किसान परेशान हैं। इन्हीं समस्याओं को लेकर अब किसान दमोह पहुंचकर कलेक्टर के समक्ष अपनी मांगें रखने की तैयारी में हैं। उन्होंने बताया कि धान की फसल को गिरदावरी में असिंचित चढ़ाई जा रही जिससे किसान अपनी फसल नहीं बेंच पाएगा। मक्का की खरीदी के लिए खरीद केंद्र खोले जाएं। इसके साथ ही बारिश से खराब हुई उड़द और सोयाबीन की फसलों का तत्काल सर्वे कराकर किसानों को मुआवजा देने की मांग भी उठाई जा रही है।
किसान पुत्र दुर्गेश सिंह लोधी ने बताया कि किसानों की धान कम से कम 18 क्विंटल प्रति एकड़ खरीदी की जाए, ताकि किसानों को अपनी उपज बेचने में परेशानी न हो। पूरन सिंह लोधी का कहना है कि धान को भावांतर योजना में शामिल नहीं किया जाए। यह प्रदर्शन किसी एक गांव या क्षेत्र का नहीं, बल्कि किसानों की सामूहिक समस्याओं और अधिकारों की आवाज है। किसान पंचायत के दौरान, कवि चन्द्रभान सिंह लोधी, किसान पुत्र दुर्गेश सिंह, पूरन सिंह लोधी, अभिषेक लोधी, देवी सिंह, राहुल सिंह, रवि सिंह सहित कई लोग मौजूद रहे।
